< 2 राजे 18 >
1 १ आणि एलाचा मुलगा होशे, जो इस्राएलाचा राजा, याच्या तिसऱ्या वर्षी यहूदाचा राजा आहाज याचा मुलगा हिज्कीया राज्य करू लागला.
ଇସ୍ରାଏଲର ରାଜା ଏଲାଙ୍କ ପୁତ୍ର ହୋଶେୟଙ୍କ ରାଜତ୍ଵର ତୃତୀୟ ବର୍ଷରେ ଯିହୁଦାର ରାଜା ଆହସ୍ଙ୍କର ପୁତ୍ର ହିଜକୀୟ ରାଜତ୍ୱ କରିବାକୁ ଆରମ୍ଭ କଲେ।
2 २ हिज्कीया पंचवीस वर्षाचा होता जेव्हा तो राज्य करू लागला. आणि त्याने यरूशलेमामध्ये एकोणतीस वर्षे राज्य केले. याच्या आईचे नाव अबी. ही जखऱ्याची मुलगी होती.
ସେ ରାଜତ୍ୱ କରିବାକୁ ଆରମ୍ଭ କରିବା ସମୟରେ ପଚିଶ ବର୍ଷ ବୟସ୍କ ଥିଲେ; ଆଉ ସେ ଯିରୂଶାଲମରେ ଅଣତିରିଶ ବର୍ଷ ରାଜ୍ୟ କଲେ; ତାଙ୍କର ମାତାଙ୍କର ନାମ ଅବୀ, ସେ ଜିଖରୀୟଙ୍କ କନ୍ୟା ଥିଲେ।
3 ३ परमेश्वराच्या दृष्टीने जे चांगले ते तो करीत असे, आपला पूर्वज दावीद करीत असे त्याप्रमाणे हिज्कीयाही सर्वकाही करत असे.
ପୁଣି ସେ ଆପଣା ପୂର୍ବପୁରୁଷ ଦାଉଦଙ୍କର ସମସ୍ତ କ୍ରିୟାନୁସାରେ ସଦାପ୍ରଭୁଙ୍କ ଦୃଷ୍ଟିରେ ଯଥାର୍ଥ କର୍ମ କଲେ।
4 ४ त्याने उंचस्थानावरील पूजास्थळे नष्ट करून टाकली. तसेच स्मृतीस्तंभ, आणि अशेराचे खांबही तोडून टाकले. त्याने मोशेने केलेल्या पितळी सापाचे तुकडे केले कारण त्या दिवसांमध्ये इस्राएलाचे लोक त्यास धूप जाळत असत. ते त्यास “नहुश्तान” असे म्हणत.
ସେ ଉଚ୍ଚସ୍ଥଳୀସକଳ ଦୂର କରିଦେଲେ ଓ ସ୍ତମ୍ଭସକଳ ଭାଙ୍ଗି ପକାଇଲେ ଓ ଆଶେରା ମୂର୍ତ୍ତି କାଟି ପକାଇଲେ; ପୁଣି ମୋଶା ନିର୍ମିତ ପିତ୍ତଳ ସର୍ପ ଖଣ୍ଡ ଖଣ୍ଡ କରି ଭାଙ୍ଗିଦେଲେ; କାରଣ ତହିଁ ଉଦ୍ଦେଶ୍ୟରେ ଇସ୍ରାଏଲ-ସନ୍ତାନଗଣ ସେସମୟ ପର୍ଯ୍ୟନ୍ତ ଧୂପ ଜ୍ୱଳାଉଥିଲେ; ଆଉ ସେ ତାହାର ନାମ ନହୁଷ୍ଟର୍ନ (ପିତ୍ତଳ ଖଣ୍ଡ) ରଖିଲେ।
5 ५ इस्राएलचा देव परमेश्वर ह्यांच्यावर हिज्कीयाने भरवसा ठेवला होता, म्हणून त्याच्यासारखा राजा यहूदाच्या राजांमध्ये त्याच्याआधी किंवा त्याच्यानंतरही झाला नाही.
ସେ ସଦାପ୍ରଭୁ ଇସ୍ରାଏଲର ପରମେଶ୍ୱରଙ୍କଠାରେ ବିଶ୍ୱାସ କଲେ, ତାଙ୍କର ପରବର୍ତ୍ତୀ ଯିହୁଦାର ସମସ୍ତ ରାଜାଙ୍କ ମଧ୍ୟରେ କେହି ତାଙ୍କ ପରି ନ ଥିଲେ, କିଅବା ତାଙ୍କର ପୂର୍ବବର୍ତ୍ତୀମାନଙ୍କ ମଧ୍ୟରେ କେହି ନ ଥିଲେ।
6 ६ तो परमेश्वरास धरून राहिला. त्यास अनुसरण्याचे त्याने सोडले नाही परमेश्वराने मोशेला दिलेल्या आज्ञांचे त्याने पालन केले.
କାରଣ ସେ ସଦାପ୍ରଭୁଙ୍କ ପ୍ରତି ଆସକ୍ତ ହେଲେ, ସେ ତାହାଙ୍କ ଅନୁଗମନରୁ ବିମୁଖ ହେଲେ ନାହିଁ, ଆଉ ସଦାପ୍ରଭୁ ମୋଶାଙ୍କୁ ଯାହା ଆଜ୍ଞା କରିଥିଲେ, ତାହାଙ୍କର ସେସବୁ ଆଜ୍ଞା ସେ ପାଳନ କଲେ।
7 ७ म्हणून परमेश्वर त्याच्यासोबत होता, आणि जिकडे तो जाई तिथे त्याची उन्नती होई. त्याने अश्शूरच्या राजाविरुध्द बंड केले व त्यांची सेवा केली नाही.
ପୁଣି ସଦାପ୍ରଭୁ ତାଙ୍କର ସହବର୍ତ୍ତୀ ହେଲେ; ସେ ଯେକୌଣସି ଆଡ଼େ ଗଲେ, ସେଆଡ଼େ କୁଶଳ ପ୍ରାପ୍ତ ହେଲେ। ଆଉ ସେ ଅଶୂର ରାଜାର ବିଦ୍ରୋହୀ ହୋଇ ତାହାର ସେବା କଲେ ନାହିଁ।
8 ८ त्याने गज्जा आणि त्याच्या सीमेपर्यंत पलिष्ट्यांचा पराभव केला. त्याने पहारेकऱ्यांच्या बुरूजा पासून तटबंदीच्या नगरापर्यंत त्यांना मारले.
ସେ ଘସା ଓ ତହିଁର ସୀମା ପର୍ଯ୍ୟନ୍ତ ପ୍ରହରୀମାନଙ୍କ ଦୁର୍ଗଠାରୁ ପ୍ରାଚୀର-ବେଷ୍ଟିତ ନଗର ପର୍ଯ୍ୟନ୍ତ ପଲେଷ୍ଟୀୟମାନଙ୍କୁ ସଂହାର କଲେ।
9 ९ आणि हिज्कीया राजाच्या चौथ्या वर्षी, म्हणजे इस्राएलाचा राजा, एलाचा मुलगा होशे ह्याच्या सातव्या वर्षी, असे झाले की अश्शूराचा राजा शल्मनेसर हा शोमरोनावर चढून आला व त्यास वेढा घातला.
ଏଥିଉତ୍ତାରେ ହିଜକୀୟ ରାଜାଙ୍କ ରାଜତ୍ଵର ଚତୁର୍ଥ ବର୍ଷରେ, ଅର୍ଥାତ୍, ଇସ୍ରାଏଲର ରାଜା ଏଲାଙ୍କର ପୁତ୍ର ହୋଶେୟଙ୍କ ରାଜତ୍ଵର ସପ୍ତମ ବର୍ଷରେ ଅଶୂରର ରାଜା ଶଲ୍ମନେଷର ଶମରୀୟା ପ୍ରତିକୂଳରେ ଆସି ତାହା ଅବରୋଧ କଲା।
10 १० तीन वर्षांच्या अखेरीस त्याने ते घेतले. यहूदाचा राजा हिज्कीया याच्या सहाव्या वर्षी हे झाले. अर्थातच इस्राएलचा राजा एलाचा मुलगा होशे याच्या नवव्या वर्षी त्यांनी शोमरोन घेतले.
ପୁଣି ତିନି ବର୍ଷର ଶେଷରେ ସେମାନେ ତାହା ହସ୍ତଗତ କଲେ; ହିଜକୀୟଙ୍କ ରାଜତ୍ଵର ଷଷ୍ଠ ବର୍ଷରେ, ଅର୍ଥାତ୍, ଇସ୍ରାଏଲର ରାଜା ହୋଶେୟଙ୍କ ରାଜତ୍ଵର ନବମ ବର୍ଷରେ ଶମରୀୟା ହସ୍ତଗତ କରାଗଲା।
11 ११ मग अश्शूरच्या राजाने इस्राएल लोकांस कैद करून अश्शूरला नेले. त्यांना त्याने हलहा येथे, गोजानमधील हाबोर नदीजवळ आणि माद्य नगरांमध्ये ठेवले.
ଏଥିଉତ୍ତାରେ ଅଶୂରର ରାଜା ଇସ୍ରାଏଲକୁ ଅଶୂରକୁ ନେଇଯାଇ ହଲହରେ ଓ ହାବୋରରେ, ଗୋଶନ ନଦୀ ତୀରରେ ଓ ମାଦୀୟମାନଙ୍କ ନାନା ନଗରରେ ସେମାନଙ୍କୁ ରଖିଲା।
12 १२ त्यांनी असे केले कारण इस्राएल लोकांनी परमेश्वर त्यांचा देव, ह्याचा शब्द पाळला नाही. तर त्याच्या कराराचा भंग केला, म्हणजे परमेश्वराचा सेवक मोशे याने जे आज्ञापिलेले होते ते त्यांनी जुमानले नाही व त्याची शिकवण ऐकली नाही.
କାରଣ ସେମାନେ ସଦାପ୍ରଭୁ ଆପଣାମାନଙ୍କ ପରମେଶ୍ୱରଙ୍କ ରବରେ ଅବଧାନ କଲେ ନାହିଁ, ମାତ୍ର ତାହାଙ୍କ ନିୟମ ଓ ସଦାପ୍ରଭୁଙ୍କ ସେବକ ମୋଶାଙ୍କର ସମସ୍ତ ଆଜ୍ଞାଲଙ୍ଘନ କଲେ ଓ ତାହା ଶୁଣିବାକୁ ସମ୍ମତ ହେଲେ ନାହିଁ କି ତାହା ପାଳନ କଲେ ନାହିଁ।
13 १३ हिज्कीया राजा ह्याच्या चौदाव्या वर्षी, अश्शूरचा राजा सन्हेरीब याने यहूदातील सर्व तटबंदी नगरांवर हल्ला चढवून त्यांचा ताबा घेतला.
ଏଥିଉତ୍ତାରେ ହିଜକୀୟ ରାଜାଙ୍କ ରାଜତ୍ଵର ଚଉଦ ବର୍ଷରେ ଅଶୂରର ରାଜା ସନ୍ହେରୀବ ଯିହୁଦାର ସକଳ ପ୍ରାଚୀର-ବେଷ୍ଟିତ ନଗର ବିରୁଦ୍ଧରେ ଆସି ତାହାସବୁ ହସ୍ତଗତ କଲା।
14 १४ तेव्हा यहूदाचा राजा हिज्कीया याने अश्शूराच्या राजाला लाखीश येथे निरोप पाठवला की, “माझ्याकडून अपराध झाला आहे, तर आता माझ्या पासून निघून जा. तू जे माझ्यावर लादशील ते मी सहन करीन.” यावर अश्शूराच्या राजाने यहूदाचा राजा हिज्कीया याला तिनशे किक्कार चांदी व तीस किक्कार सोने अशी खंडणी मागितली.
ଏଥିରେ ଯିହୁଦାର ରାଜା ହିଜକୀୟ ଲାଖୀଶ୍କୁ ଅଶୂରର ରାଜା ନିକଟକୁ ଲୋକ ପଠାଇ କହିଲେ, “ମୁଁ ଅପରାଧ କଲି; ମୋʼ ନିକଟରୁ ଫେରି ଯାଉନ୍ତୁ; ଆପଣ ମୋʼ ଉପରେ ଯେଉଁ ଭାର ଥୋଇବେ, ତାହା ମୁଁ ବହିବି।” ତହୁଁ ଅଶୂରର ରାଜା ଯିହୁଦାର ରାଜା ହିଜକୀୟଙ୍କ ଉପରେ ତିନି ଶହ ତାଳନ୍ତ ରୂପା ଓ ତିରିଶ ତାଳନ୍ତ ସୁନା ନିରୂପଣ କଲା।
15 १५ तेव्हा हिज्कीयाने परमेश्वराच्या घरात व राजाच्या राजवाड्यातील भांडारात असणारी सर्व चांदी त्यास दिली.
ତହିଁରେ ହିଜକୀୟ ସଦାପ୍ରଭୁଙ୍କ ଗୃହରେ ଓ ରାଜଗୃହର ଭଣ୍ଡାରମାନରେ ପ୍ରାପ୍ତ ସମସ୍ତ ରୂପା ତାହାକୁ ଦେଲେ।
16 १६ मग हिज्कीयाने परमेश्वराच्या मंदिराचे दरवाजे आणि सोन्याच्या पल्याने मढवलेले खांब काढून घेतले आणि अश्शूरच्या राजाला हे सोने दिले.
ସେସମୟରେ ହିଜକୀୟ ସଦାପ୍ରଭୁଙ୍କ ମନ୍ଦିର ଦ୍ୱାରସବୁରୁ ଓ ଯିହୁଦାର ରାଜା ହିଜକୀୟଙ୍କ ଦ୍ୱାରା ମଣ୍ଡିତ ସ୍ତମ୍ଭସବୁରୁ ସୁବର୍ଣ୍ଣ କାଟି ଅଶୂରର ରାଜାକୁ ଦେଲେ।
17 १७ पण अश्शूरच्या राजाने तर्तान व रब-सारीस व रब-शाके यांना मोठ्या सैन्यासोबत लाखीशाहून यरूशलेमामध्ये हिज्कीया राजा कडे पाठवले. तेव्हा ते यरूशलेमेस चढून आले, आणि वरच्या तलावाच्या पाटाजवळ परिटाच्या शेताच्या रस्त्यावर उभे राहिले.
ଏଥିଉତ୍ତାରେ ଅଶୂରର ରାଜା ଲାଖୀଶ୍ଠାରୁ ତର୍ତ୍ତାନ ଓ ରବ୍ସାରୀସ୍ ଓ ରବ୍ଶାକିକୁ ମହାସୈନ୍ୟ ସହିତ ଯିରୂଶାଲମକୁ ହିଜକୀୟ ରାଜାଙ୍କ ନିକଟକୁ ପଠାଇଲା। ତହୁଁ ସେମାନେ ଯାତ୍ରା କରି ଯିରୂଶାଲମକୁ ଆସିଲେ। ଆଉ ସେଠାରେ ଉପସ୍ଥିତ ହୁଅନ୍ତେ, ସେମାନେ ରଜକର କ୍ଷେତ୍ର ପଥସ୍ଥିତ ଉପର ପୁଷ୍କରିଣୀର ନାଳ ନିକଟରେ ଠିଆ ହେଲେ।
18 १८ त्यांनी राजाला निरोप पाठवला तेव्हा, हिल्कीयाचा मुलगा एल्याकीम जो घरावरचा कारभारी, व शेबना चिटणीस आणि नोंदणी लेखक व आसाफचा मुलगा यवाह हे त्यांना भेटावयास पुढे आले.
ପୁଣି ସେମାନେ ରାଜାଙ୍କୁ ଡାକନ୍ତେ, ହିଲ୍କୀୟର ପୁତ୍ର ଇଲିୟାକୀମ୍ ନାମକ ରାଜଗୃହାଧ୍ୟକ୍ଷ ଓ ଶିବ୍ନ ଲେଖକ ଓ ଆସଫର ପୁତ୍ର ଯୋୟାହ ନାମକ ଇତିହାସ ଲେଖକ ବାହାର ହୋଇ ସେମାନଙ୍କ ନିକଟକୁ ଆସିଲେ।
19 १९ तेव्हा रबशाके त्यांना म्हणाला, “अश्शूराचा महान राजा हिज्कीयास काय म्हणतो हे सांगा; तुझ्या आत्मविश्वासाविषयी कसली शिष्टता बाळगतोस?
ତହିଁରେ ରବ୍ଶାକି ସେମାନଙ୍କୁ କହିଲା, ଏବେ ତୁମ୍ଭେମାନେ “ହିଜକୀୟଙ୍କୁ କୁହ, ମହାରାଜ ଅଶୂରର ରାଜା ଏହି କଥା କହନ୍ତି, ‘ତୁମ୍ଭେ ଏହି ଯେଉଁ ବିଶ୍ୱାସ କରୁଅଛ, ତାହା କିରୂପ ବିଶ୍ୱାସ?
20 २० तू म्हणतोस, लढाईसाठी पुरेशी मसलत आणि सामर्थ्य तुझ्याजवळ आहेत, परंतू ते केवळ पोकळ व अर्थहीन शब्द आहेत. आता तू कोणावर भरवसा ठेवतोस. माझ्याविरूद्ध बंड करण्यासाठी तुला कोणी धैर्य दिले आहे?
ଯୁଦ୍ଧ କରିବା ପାଇଁ ମନ୍ତ୍ରଣା ଓ ବଳ ଅଛି ବୋଲି ତୁମ୍ଭେ କହୁଅଛ, ମାତ୍ର ତାହା କେବଳ ବୃଥା କଥା। ତୁମ୍ଭେ କାହା ଉପରେ ନିର୍ଭର କରି ମୋହର ବିଦ୍ରୋହୀ ହୋଇଅଛ?
21 २१ पाहा, तू ठेचलेल्या बोरूच्या काठीवर म्हणजे मिसर देशावर भरवसा ठेवतोस, अशा काठीवर कोणी मनुष्य विसंबून राहिला तर ती मोडून पडेल व हातात रुतेल. जे कोणी मिसराचा राजा फारो ह्यावर विश्वास ठेवतात त्या सर्वांना तो तसाच आहे.
ଦେଖ, ତୁମ୍ଭେ ଏହି ଛେଚାନଳର ଯଷ୍ଟି ରୂପ ମିସର ଉପରେ ନିର୍ଭର କରୁଅଛ; ମାତ୍ର କେହି ତହିଁ ଉପରେ ଆଉଜିଲେ, ତାହା ତାହାର ହାତରେ ପଶି ଫୋଡ଼ି ପକାଇବ। ଯେଉଁମାନେ ମିସରୀୟ ରାଜା ଫାରୋ ଉପରେ ନିର୍ଭର ରଖନ୍ତି, ସେସମସ୍ତଙ୍କ ପ୍ରତି ସେ ତ ଏହି ପ୍ରକାର।
22 २२ तू कदाचित् असे म्हणशील, आम्ही परमेश्वर देवावर भरवसा ठेवतो. पण हिज्कीयाने परमेश्वराची उंचस्थाने आणि वेद्या काढून टाकल्या आणि यहूदा व यरूशलेमेला म्हटले की, फक्त यरूशलेममधील याच वेदीपुढे आराधना करावी तोच तो आहे की नाही?
ମାତ୍ର ଯେବେ ତୁମ୍ଭେମାନେ ମୋତେ କୁହ, ଆମ୍ଭେମାନେ ସଦାପ୍ରଭୁ ଆପଣାମାନଙ୍କ ପରମେଶ୍ୱରଙ୍କ ଉପରେ ନିର୍ଭର ରଖୁଅଛୁ; ତେବେ ହିଜକୀୟ ଯାହାଙ୍କ ଉଚ୍ଚସ୍ଥଳୀ ଓ ଯଜ୍ଞବେଦିସବୁ ଦୂର କରିଦେଇଅଛି, ଆଉ ଯିହୁଦାକୁ ଓ ଯିରୂଶାଲମକୁ କହିଅଛି, ତୁମ୍ଭେମାନେ ଯିରୂଶାଲମରେ ଏହି ଯଜ୍ଞବେଦି ସମ୍ମୁଖରେ ପ୍ରଣାମ କରିବ, ସେ କି ସେହି ନୁହନ୍ତି?’
23 २३ तर आता अश्शूराचा राजा माझा धनी याच्यावतीने, तुझ्याकडे घोड्यांवर स्वार व्हायला माणसे असतील तर तुला दोन हजार घोडे देण्याचा चांगला प्रस्ताव मांडतो.
ଏବେ ମୁଁ ବିନୟ କରୁଅଛି, ମୋʼ ପ୍ରଭୁ ଅଶୂରର ରାଜାଙ୍କ ସଙ୍ଗେ ପଣ କର, ମୁଁ ତୁମ୍ଭକୁ ଦୁଇ ହଜାର ଅଶ୍ୱ ଦେବି, ଯେବେ ତୁମ୍ଭେ ପାର, ସେମାନଙ୍କ ଉପରେ ଚଢ଼ିବା ପାଇଁ ତୁମ୍ଭ ଆଡ଼ୁ ଲୋକ ଆଣ।
24 २४ माझ्या स्वामीच्या सर्वात कनिष्ठ सेवकाचा देखील तू पराभव करु शकणार का? रथ आणि घोडेस्वार यांच्यासाठी तू मिसरवर अवलंबून आहेस.
ତେବେ କିପରି ତୁମ୍ଭେ ମୋʼ ପ୍ରଭୁଙ୍କ ଦାସମାନଙ୍କ ମଧ୍ୟରୁ ଏକ କ୍ଷୁଦ୍ରତମ ସେନାପତିକୁ ଫେରାଇ ଦେଇ ପାରିବ? କିପରି ତୁମ୍ଭେ ରଥ ଓ ଅଶ୍ୱାରୋହୀ ନିମନ୍ତେ ମିସର ଉପରେ ବିଶ୍ୱାସ କରୁଅଛ?
25 २५ मी यरूशलेमचा संहार करायला चाल करून आलोय, तो काही परमेश्वराचा पाठिंबा असल्याशिवाय आलो काय? परमेश्वर मला म्हणाला, या देशावर स्वारी करून त्याचा पूर्ण पाडाव कर.”
ମୁଁ କʼଣ ସଦାପ୍ରଭୁଙ୍କ ବିନା ଏହି ସ୍ଥାନ ଧ୍ୱଂସ କରିବାକୁ ଆସିଅଛି? ସଦାପ୍ରଭୁ ମୋତେ କହିଲେ, ଏହି ଦେଶ ବିରୁଦ୍ଧରେ ଯାଇ ତାହା ଧ୍ୱଂସ କର।”
26 २६ तेव्हा हिल्कीयाचा मुलगा एल्याकीम, शेबना आणि यवाह हे सेनापतीला म्हणाले, “तू आपल्या सेवकाशी अरामी भाषेत बोल. आम्हास ती भाषा कळते. आमच्याशी यहूदी भाषेत बोलू नको. कारण तटबंदीवरील लोक आपले बोलणे ऐकतील.”
ଏଥିରେ ହିଲ୍କୀୟର ପୁତ୍ର ଇଲିୟାକୀମ୍ ଓ ଶିବ୍ନ ଓ ଯୋୟାହ ରବ୍ଶାକିକୁ କହିଲେ, “ବିନୟ କରୁଅଛୁ, ଆପଣ ଅରାମୀୟ ଭାଷାରେ ଆପଣା ଦାସମାନଙ୍କୁ କହନ୍ତୁ; କାରଣ ଆମ୍ଭେମାନେ ତାହା ବୁଝୁଅଛୁ। ପୁଣି ପ୍ରାଚୀରର ଉପରିସ୍ଥ ଲୋକମାନଙ୍କ କର୍ଣ୍ଣଗୋଚରରେ ଆମ୍ଭମାନଙ୍କୁ ଯିହୁଦୀୟ ଭାଷାରେ ନ କହନ୍ତୁ।”
27 २७ पण रब-शाके त्यांना म्हणाला, “प्रभूने काही मला फक्त तुझ्याशी आणि तुझ्या राजाशी बोलायला पाठवलेले नाही, तटबंदीवरील लोकांशीही मी बोलतो आहे. तुमच्याबरोबरच त्यांनाही स्वत: चे मलमूत्र चाटायची वेळ येणार आहे.”
ମାତ୍ର ରବ୍ଶାକି ସେମାନଙ୍କୁ କହିଲା, “ମୋʼ ପ୍ରଭୁ କି ତୁମ୍ଭ ପ୍ରଭୁଙ୍କୁ ଓ ତୁମ୍ଭକୁ ଏସବୁ କଥା କହିବା ପାଇଁ ପଠାଇଅଛନ୍ତି? ଏହି ଯେଉଁ ଲୋକମାନେ ତୁମ୍ଭମାନଙ୍କ ସଙ୍ଗେ ଆପଣା ଆପଣା ବିଷ୍ଠା ଖାଇବାକୁ ଓ ମୂତ୍ର ପିଇବାକୁ ପ୍ରାଚୀର ଉପରେ ବସିଅଛନ୍ତି, ସେମାନଙ୍କ ନିକଟକୁ କʼଣ ମୋତେ ପଠାଇ ନାହାନ୍ତି?”
28 २८ मग रब-शाके यहूदी भाषेत मोठ्याने ओरडून म्हणाला, “अश्शूराचा थोर राजा काय म्हणतो ते ऐका”
ତହୁଁ ରବ୍ଶାକି ଠିଆ ହୋଇ ଉଚ୍ଚସ୍ୱରରେ ଯିହୁଦୀୟ ଭାଷାରେ ଏହି କଥା କହିଲା, “ତୁମ୍ଭେମାନେ ମହାରାଜ ଅଶୂରର ରାଜାଙ୍କ କଥା ଶୁଣ।
29 २९ राजा असे म्हणतो, हिज्कीयाच्या भूलथापांना बळी पडू नका. माझ्यापासून तो तुम्हास वाचवू शकणार नाही.
ରାଜା ଏହି କଥା କହନ୍ତି, ‘ତୁମ୍ଭମାନଙ୍କୁ ଭୁଲାଇବା ପାଇଁ ହିଜକୀୟକୁ ନ ଦିଅ; କାରଣ ସେ ତୁମ୍ଭମାନଙ୍କୁ ମୋʼ ହସ୍ତରୁ ଉଦ୍ଧାର କରି ପାରିବ ନାହିଁ।
30 ३० तो म्हणतो परमेश्वरावर विसंबून राहू नका. हिज्कीया तुम्हास सांगतो, परमेश्वर आपल्याला वाचवील. अश्शूराचा राजा आपल्या शहराचा पराभव करु शकणार नाही.
କିଅବା ସଦାପ୍ରଭୁ ନିଶ୍ଚୟ ଆମ୍ଭମାନଙ୍କୁ ଉଦ୍ଧାର କରିବେ ଓ ଏହି ନଗର ଅଶୂରୀୟ ରାଜାର ହସ୍ତଗତ ହେବ ନାହିଁ। ଏହି କଥା କହି ହିଜକୀୟ ସଦାପ୍ରଭୁଙ୍କଠାରେ ତୁମ୍ଭମାନଙ୍କର ବିଶ୍ୱାସ ନ ଜନ୍ମାଉ।
31 ३१ पण हिज्कीयाचे ऐकू नका. “कारण अश्शूराचा राजा म्हणतो माझ्याशी तह करा आणि माझ्याकडे या. तसे केलेत तर आपापल्या द्राक्षवेलीवरची, अंजिराच्या झाडावरची फळे तुम्हास खायला मिळतील. स्वत: च्या विहिरीचे पाणी प्यायला मिळेल.
ହିଜକୀୟର କଥା ଶୁଣ ନାହିଁ; କାରଣ ଅଶୂରୀୟ ରାଜା ଏହି କଥା କହନ୍ତି, ତୁମ୍ଭେମାନେ ମୋʼ ସଙ୍ଗେ ସନ୍ଧି କର ଓ ମୋʼ ନିକଟକୁ ବାହାରି ଆସ ଓ ପ୍ରତ୍ୟେକେ ଆପଣା ଆପଣା ଦ୍ରାକ୍ଷାଫଳ ଓ ପ୍ରତ୍ୟେକେ ଆପଣା ଆପଣା ଡିମ୍ବିରି ଫଳ ଭୋଜନ କର, ଆଉ ପ୍ରତ୍ୟେକେ ଆପଣା ଆପଣା କୂପ ଜଳ ପାନ କର।
32 ३२ पुढे मी तुमच्या देशासारख्याच दुसऱ्या देशात, धान्याचा व द्राक्षरसाचा देश, अन्नाचा व द्राक्षीच्या मळ्याचा देश, जैतून तेलाचा व मधाचा देश यामध्ये मी तुम्हास घेऊन जाईपर्यंत तुम्ही असे वागा. तरच तुम्ही जगाल; मरणार नाही. आणि हिज्कीयाचे ऐकू नका. तो तुमचे हृदयपरिवर्तन करु पाहत आहे, ‘परमेश्वर आपल्याला वाचवेल’ असे तो म्हणतो.
ଶେଷରେ ମୁଁ ଆସି ତୁମ୍ଭମାନଙ୍କର ସ୍ୱଦେଶ ତୁଲ୍ୟ ଏକ ଦେଶକୁ, ଅର୍ଥାତ୍, ଶସ୍ୟ ଓ ଦ୍ରାକ୍ଷାରସମୟ ଦେଶ, ଆଉ ରୁଟି ଓ ଦ୍ରାକ୍ଷାକ୍ଷେତ୍ରମୟ ଦେଶ, ଆଉ ତୈଳଜୀତ ଓ ମଧୁମୟ ଦେଶକୁ ତୁମ୍ଭମାନଙ୍କୁ ନେଇଯିବି, ତହିଁରେ ତୁମ୍ଭେମାନେ ବଞ୍ଚିବ ଓ ମରିବ ନାହିଁ; ପୁଣି ସଦାପ୍ରଭୁ ଆମ୍ଭମାନଙ୍କୁ ଉଦ୍ଧାର କରିବେ ବୋଲି କହି ହିଜକୀୟ ତୁମ୍ଭମାନଙ୍କୁ ମଣାଇଲେ, ତାହାର କଥା ତୁମ୍ଭେମାନେ ଶୁଣ ନାହିଁ।
33 ३३ इतर दैवतांनी आपले देश अश्शूराच्या राजाच्या तावडीतून सोडवले आहेत असे अजून झाले आहे काय? कधीच नाही.
ନାନା ଗୋଷ୍ଠୀୟମାନଙ୍କ ଦେବତାଗଣ ମଧ୍ୟରୁ କୌଣସି ଦେବତା କʼଣ ଅଶୂରୀୟ ରାଜାଙ୍କ ହସ୍ତରୁ ଆପଣା ଦେଶ ଉଦ୍ଧାର କରିଅଛି?
34 ३४ कुठे आहेत हमाथ आणि अर्पद यांची दैवतं? सफरवाईम, हेना, इव्वा यांची दैवते कुठे गेले? त्यांनी शोमरोनचे माझ्यापासून रक्षण केले का?
ହମାତର ଓ ଅର୍ପଦର ଦେବତାମାନେ କାହାନ୍ତି? ସଫର୍ବୟିମର ଓ ହେନାର ଓ ଅବ୍ବାର ଦେବତାମାନେ କାହାନ୍ତି? ସେମାନେ କʼଣ ମୋʼ ହସ୍ତରୁ ଶମରୀୟାକୁ ଉଦ୍ଧାର କରିଅଛନ୍ତି?
35 ३५ इतर राष्ट्राच्या दैवतांनी आपापली भूमी माझ्यापासून सुरक्षित ठेवली का? नाही माझ्याकडून परमेश्वर यरूशलेम वाचवणार का?”
ନାନା ଗୋଷ୍ଠୀୟ ସମସ୍ତ ଦେବତା ମଧ୍ୟରେ କିଏ ଆପଣା ଦେଶକୁ ମୋʼ ହସ୍ତରୁ ଉଦ୍ଧାର କରିଅଛି ଯେ, ସଦାପ୍ରଭୁ ମୋʼ ହସ୍ତରୁ ଯିରୂଶାଲମକୁ ଉଦ୍ଧାର କରିବେ?’”
36 ३६ पण लोक गप्पच होते. ते सेनापतीला काहीही बोलले नाहीत. कारण “त्यांनी काहीही उत्तर द्याचये नाही” अशी राजा हिज्कीयाची त्यांना आज्ञा होती.
ମାତ୍ର ଲୋକମାନେ ନୀରବ ହୋଇ ରହିଲେ, ଗୋଟିଏ କଥା ଉତ୍ତର କଲେ ନାହିଁ। କାରଣ ତାହାକୁ ଉତ୍ତର ନ ଦିଅ ବୋଲି ରାଜାଙ୍କର ଆଜ୍ଞା ଥିଲା।
37 ३७ हिल्कीयाचा मुलगा एल्याकीम, जो राजवाड्याचा कारभारी, व चिटणीस शेबना आणि आसाफचा मुलगा यवाह हा नोंदी करणारा होता हे शोकाकुल होऊन आपली वस्त्रे फाडून हिज्कीयाकडे आले. अश्शूराचा सेनापती रब-शाके काय म्हणाला ते त्यांनी हिज्कीयाला सांगितले.
ଏଥିଉତ୍ତାରେ ହିଲ୍କୀୟର ପୁତ୍ର ଇଲିୟାକୀମ୍ ନାମକ ରାଜଗୃହାଧ୍ୟକ୍ଷ ଓ ଶିବ୍ନ ଲେଖକ ଓ ଆସଫର ପୁତ୍ର ଯୋୟାହ ନାମକ ଇତିହାସ ଲେଖକ ଆପଣା ଆପଣା ବସ୍ତ୍ର ଚିରି ହିଜକୀୟଙ୍କ ନିକଟକୁ ଆସି ରବ୍ଶାକିର କଥାସବୁ ତାଙ୍କୁ ଜଣାଇଲେ।