< आमोस 7 >

1 प्रभु याहवेह ने मुझे यह दिखाया: जब राजा के हिस्से की फसल कट चुकी थी और बाद की फसल आनेवाली थी, तब याहवेह टिड्डियों के दल को तैयार कर रहे थे.
Le Seigneur l'Eternel me fit voir cette vision, et voici, il formait des sauterelles au commencement que le regain croissait; et voici, c'était le regain d'après les fenaisons du Roi.
2 जब टिड्डियां देश की सारी वनस्पति को चट कर चुकीं, तब मैंने पुकारा, “हे प्रभु याहवेह, क्षमा कर दें! याकोब कैसे जीवित रह सकता है? वह बहुत छोटा है!”
Et quand elles eurent achevé de manger l'herbe de la terre, alors je dis: Seigneur Eternel, sois propice, je te prie; Comment se relèverait Jacob? car il est petit.
3 इस पर याहवेह ने यह विचार त्याग दिया. और उसने कहा, “अब ऐसी बात न होगी.”
[Et] l'Eternel se repentit de cela. Cela n'arrivera point, dit l'Eternel.
4 तब प्रभु याहवेह ने मुझे यह दिखाया: परम प्रभु न्याय के लिये आग को पुकार रहे थे; इस अग्नि ने महासागर को सुखा दिया तथा भूमि को नष्ट कर दिया.
[Puis] le Seigneur l'Eternel me fit voir cette vision: et voici, le Seigneur l'Eternel criait tout haut, qu'on fît jugement par feu; et [le feu] dévora un grand abîme, et il dévora aussi une pièce [de terre].
5 तब मैंने पुकारा, “हे परम प्रभु याहवेह, मैं आपसे बिनती करता हूं, इसे बंद कीजिये! याकोब कैसे जीवित रह सकता है? वह बहुत छोटा है!”
Et je dis: Seigneur Eternel! cesse, je te prie; comment se relèverait Jacob? car il est petit.
6 तब याहवेह ने इस विषय में अपना विचार त्याग दिया. और परम प्रभु ने कहा, “अब यह बात भी न होगी.”
[Et] l'Eternel se repentit de cela. Cela aussi n'arrivera point, dit le Seigneur l'Eternel.
7 तब उसने मुझे यह दिखाया: प्रभु अपने हाथ में एक साहुल लिए हुए साहुल की एक दीवार पर खड़े थे.
[Puis] il me fit voir cette vision: et voici, le Seigneur se tenait debout sur un mur fait au niveau, et il avait en sa main un niveau.
8 और याहवेह ने मुझसे पूछा, “आमोस, तुम्हें क्या दिखाई दे रहा है?” मैंने उत्तर दिया, “एक साहुल,” तब प्रभु ने कहा, “देख, मैं अपने इस्राएली लोगों के बीच में एक साहुल लगा रहा हूं; अब मैं उनको नहीं छोड़ूंगा.
Et l'Eternel me dit: Que vois-tu, Amos? Et je répondis: Un niveau. Et le Seigneur me dit: Voici, je m'en vais mettre le niveau au milieu de mon peuple d'Israël, et je ne lui en passerai plus.
9 “यित्सहाक के ऊंचे स्थान नाश किए जाएंगे और इस्राएल के पवित्र स्थान खंडहर हो जाएंगे; और मैं तलवार लेकर यरोबोअम के वंश पर आक्रमण करूंगा.”
Et les hauts lieux d'Isaac seront désolés, et les sanctuaires d'Israël seront détruits; et je me dresserai contre la maison de Jéroboam avec l'épée.
10 तब बेथेल के पुरोहित अमाज़्याह ने इस्राएल के राजा यरोबोअम के पास यह संदेश भेजा: “आमोस इस्राएल के वंश के बीच में तुम्हारे विरुद्ध एक षड़्‍यंत्र कर रहा है. इस देश के लिए उसकी बातें असहनीय है.
Alors Amatsia, Sacrificateur de Béthel, envoya dire à Jéroboam Roi d'Israël: Amos a conspiré contre toi au milieu de la maison d'Israël; le pays ne pourrait pas porter toutes ses paroles.
11 क्योंकि आमोस यह कह रहा है: “‘यरोबोअम तलवार से मारा जाएगा, और इस्राएल अपनी मातृभूमि से अलग बंधुआई में चला जाएगा.’”
Car ainsi a dit Amos: Jéroboam mourra par l'épée, et Israël ne manquera point d'être transporté hors de sa terre.
12 तब अमाज़्याह ने आमोस से कहा, “हे भविष्यदर्शी, यहां से भाग जा! यहूदिया देश को चला जा. वहां कमा खा और वहां अपनी भविष्यवाणी कर.
Puis Amatsia dit à Amos: Voyant, va, et t'enfuis au pays de Juda, et mange là [ton] pain, et y prophétise.
13 अब बेथेल फिर कभी भविष्यवाणी न करना, क्योंकि यह राजा का पवित्र स्थान और राज्य का मंदिर है.”
Mais ne continue plus de prophétiser à Béthel; car c'est le sanctuaire du Roi, et c'est la maison du Royaume.
14 आमोस ने अमाज़्याह को उत्तर दिया, “मैं न तो भविष्यवक्ता था और न ही मेरे पिताजी भविष्यवक्ता थे, परंतु मैं तो एक चरवाहा था और मैं गूलर वृक्षों की देखरेख करता था.
Et Amos répondit, et dit à Amatsia: Je n'étais ni Prophète, ni fils de Prophète; mais j'étais un bouvier, et je cueillais des figues sauvages;
15 पर याहवेह ने मुझे पशुओं की देखभाल करने के काम से बुलाकर कहा, ‘जा, और मेरे लोग इस्राएलियों से भविष्यवाणी कर.’
Et l'Eternel me prit d'après le troupeau, et l'Eternel me dit: Va, prophétise à mon peuple d'Israël.
16 इसलिये अब याहवेह का वचन सुनो. तुम कहते हो, “‘इस्राएल के विरुद्ध में भविष्यवाणी मत कर, यित्सहाक के वंशजों के विरुद्ध बातें कहना बंद कर.’
Ecoute donc maintenant la parole de l'Eternel; Tu me dis: Ne prophétise plus contre Israël, et ne fais plus dégoutter [la parole] contre la maison d'Isaac.
17 “इसलिये याहवेह का कहना यह है: “‘तुम्हारी पत्नी शहर में एक वेश्या हो जाएगी, और तुम्हारे पुत्र और पुत्रियां तलवार से मारे जाएंगे. तुम्हारे देश को नापा जाएगा और विभाजित कर दिया जाएगा, और तुम स्वयं एक मूर्तिपूजक देश में मरोगे. और निश्चित रूप से इस्राएल अपनी मातृभूमि से अलग बंधुआई में चला जाएगा.’”
C'est pourquoi ainsi a dit l'Eternel: Ta femme se prostituera dans la ville, et tes fils et tes filles tomberont par l'épée, et ta terre sera partagée au cordeau, et tu mourras en une terre souillée, et Israël ne manquera point d'être transporté hors de sa terre.

< आमोस 7 >